वीडियो पार्लर चलाने वाली शशिकला नटराजन अब तमिलनाडु की मुख्यमंत्री होंगी …8 बेहद खास बातें!

अब साफ हो गया है कि जयराम जयललिता के जानें के बाद AIDMK पार्टी की कमान और तमिलनाडु की सीएम दोनों शशिकला नटराजन ही होंगी. पनीरसेल्वम के इस्तीफे के बाद अब शशिकला ही तमिलनाडु की सीएम होंगी. आइए जानते हैं कि कैसे एक वीडियो पार्लर चलाने वाली शशिकला तमिलनाडु की मुख्यमंत्री बनीं..8 बेहद खास बातें-
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1.शशिकला नटराजन को जयललिता की छाया कहा जाता था यानी जहां जयललिता वहीं शशिकला. कहा जाता है कि जयललिता के पहनावे से लेकर मेल जोल सब शशिकला नटराजन के ही हाथ में था.
2.एमजी रामाचंद्रन जब मुख्यमंत्री थे, तब शशिकला के पति एम नटराजन सरकार में पब्लिक रिलेशन ऑफिसर थे. उस समय जयललिता एमजीआर की प्रचार सचिव थीं. ऐसे में शशिकला वीडियो पार्लर चलाती थी. तब एम नटराजन ने अपनी पत्नी की मुलाकात जयललिता से करवाई थी.
3.एमजीआर जब नहीं रहे तो हर तरफ से जयललिता का विरोध होने लगा. उस दौरान शशिकला पूरी ताकत के साथ जयललिता के साथ खड़ी थीं. हर सुख दुख में शशिकला ही जयललिता की राजदार साबित हुईं थीं.
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4.जयललिता से शशिकला की इस कदर नजदीकियां रहीं की जयललिता ने शशिकला को अपनी बहन घोषित कर दिया. दर्जा भी दिया बहन का और शशिकला का पूरा परिवार जयललिता के घर में ही शिफ्ट हो गया.
5.बतौर मुख्यमंत्री जयललिता के पहले कार्यकाल में शशिकला जयललिता का बैकबोन साबित हुईं. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक पर्दे के पीछे शशिकला ही पार्टी चला रही थीं, किसे टिकट देना है किसे नहीं ये भी शशिकला ही तय करती थीं.
6.साल 1995 में जयललिता ने शशिकला के भतीजे सुधाकरऩ को गोद तक ले लिया. सुधाकरन की शादी में बेशुमार पैसे खर्च हुए जो आज तक बतौर रिकॉर्ड याद किया जाता है. शादी में तकरीबन डेढ़ लाख लोगों ने शिरकत की थी. इस शादी के बाद से जयललिता की खूब किरकिरी भी हुई. शशिकला से दूर भी होने लगी थी जयललिता.
7.शादी के महज एक साल बाद ही 1996 में जयललिता चुनाव हार गईं. जयललिता इस हार की वजह शशिकला को मान रही थी. शशिकला को जयललिता ने घर से निकाल दिया. सुधाकरन को बेदखल कर दिया. लेकिन कुछ दिन बाद ही शशिकला ने फिर जयललिता के दिल और घर में वापसी कर ली.
8.साल 2011 में एक बार फिर संगीन आरोपों के कारण जयललिता ने शशिकला और उनके पति को घर और पार्टी दोनों जगह से निकाल दिया.लेकिन फिर शशिकला ने वापसी की और अंत तक जयललिता के साथ ही रहीं. अम्मा 75 दिन तक अस्पताल में भर्ती रहीं इस दौरान शशिकला ही पार्टी के महत्वपूर्ण फैसले ले रहीं थी. जयललिता-शशिकला की इस जोड़ी को सदियों तक याद रहा जाएगा.

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